बागबाहरा – लंबे समय से व्यवसाय बंद होने से स्थानीय व्यापारियों और उनके आश्रितो के समक्ष रोजी रोटी की समस्या आन खड़ी हो गई है, पुर्ण लाकडाउन और अब कन्टेनमेन्ट जोन के कारण पुर्णरुप से व्यवसाय बंद है जबकि दुकान के सारे खर्च किराया, बिजली, कर्मचारी बैन्क लोन वगैरह चालु है जिसकी मार से बागबाहरा के समस्त व्यापारी परेशान है, वही स्थानीय प्रशासन के असहयोगात्मक रवैये से भी सारे व्यापारी त्रस्त हैं, जल्द ही व्यवसाय शुरु होने के आदेश नही आने से व्यापारी उग्र हो सकते हैं.

व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि कोरोना संकट की इस विकट परिस्थिति में उन्होने लगातार प्रशासन का सहयोग किया है, पर अब ज्यादा समय हो जाने से सभी तरह के व्यापार से जुड़े लोग आर्थिक समस्या से जुझ रहे हैं इस बाबत स्थानीय प्रशासन से थोडी राहत की उम्मीद से जनप्रतिनिधी के माध्यम से बात करने की कोशिश की पर अधिकारी ने मनमानी करते हुए उक्त जनप्रतिनिधी की भी बात नही सुनी और व्यापारियों की समस्या को दबाने का प्रयास किया जा रहा है, यहाँ तक कि दुकाने खोलने के लिये एक अधिकारी ने विचित्र शर्त भी रखी कि दुकानदार शपथपत्र भर कर देंवे की व्यवसाय चालु करने से कोरोना संक्रमण नही फ़ैलेगा
विगत तीन माह से आर्थिक नुकसान सह रहे व्यापारियों में अधिकारियों के इस मनमानीपुर्ण रवैये से आक्रोश इस कदर बढ़ गया है कि जल्द ही समस्या का निदान नही होने की स्थिति में में वे उग्र आन्दोलन करने बाध्य होंगे साथ ही अपने अपने प्रतिस्ठानो की चाबी प्रशासन को सौंप कर परिवार सहित आमरण अनशन की तैयारी में हैं।



















